सन1972 में दो पारसी परिवारों पर बनी खट्टा मीठा फिल्म एक हास्य फिल्म हैं । इसका ये गाना बड़ा ही सुन्दर हैं। ये मध्यमवर्गीय परिवारों के बच्चों के सपनो पर बड़ा ही सटीक बैठता हैं कि कैसे इनके सपने होते हैं । ये गाना चलता रहता हैं और साथ में इन दो परिवारों के लडको के सपने भी दिखाए जाते रहते हैं ।
इस गाने के बोल ये हैं
थोडा हैं थोड़े की जरुरत हैं ,
जिंदगी फिर भी यहाँ खूबसूरत हैं
जिस दिन पैसा होगा वो दिन कैसा होगा
एक दिन पहिये घूमेंगे और किस्मत के लब चूमेंगे
बोलो ऐसा होगा , थोडा हैं थोड़े की .....
सुन सुन हवा चली सबा चली,
तेरे आँचल से उडके घटा चली
मैं छूने जरा आसमा चली ,बादल पे उड़ना होगा
थोडा हैं थोड़े की ..........................................
हमने सपना देखा हैं कोई अपना देखा हैं
जब रात का घूंघट उतरेगा
और दिन की डोली गुजरेगी
तब सपना पूरा होगा ,
थोडा हैं थोड़े की जरुरत हैं
जिंदगी फिर भी यहाँ खूबसूरत हैं
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